अफसर भी खुश और व्यापारी भी खुश, कैसे हटें सड़कों से अवैध कब्जे, पुलिस से है जब सेटिंग गेटिंग, अब पहले से भी बुरी हालत
मेरठ। चार दिन पहले नगर निगम और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई बेगमपुल से वाया भैसाली रोडवेज, शहर घंटाघर, रेलवे रोड व दिल्ली रोड तक अवैध कब्जे हटवा दिए गए। इस कार्रवाई का असर भी नजर आया। जहां से निकलना मुश्किल था, एक दिन तो वहां राहत नजर आयी, लेकिन अगले दिन वहां पहले से भी बुरी दशा हो गयी। बेगमपुल चौराहे से भैसाली रोडवेज तक सड़क से तमाम अवैध कब्जे हटवा दिए गए थे। जिन दुकानदारों ने शेड बाहर की ओर निकाली हुई थी, जेसीबी से उनकी शेड उखाड़ दी गयी थी। जिन्होंने सामान बाहर रखा हुआ था, वो जब्त कर लिया था। ढावे व रेस्टोरेंट वालों के तंदूर तोड़ दिए गए थे। रास्ता एकदम खुला व सपाट नजर आने लगा था। वैसे दुकानदारों को इस अभियान की जानकारी पहले से दे दी गयी थी, इसलिए ज्यातातर दुकानदारों ने अपना समान पहले से ही बाहर से उठा लिया था, अभियान के तीन दिन बाद वहां पहले जैसी या पहले से बुरी दशा हो गई। होटल व ढावे वालों का सामान एक बार फिर राेड पर नजर आने लगा। दिल्ली रोड सोतीगंज चौराहे पर मीट मुर्गा मार्केट पहली की तरह गुलजार है। रोडवेज से जिन खोमचे व चांट पकौड़ी वालों का दौड़ा लिया था वोे भी अपनी जगह पर आ गए। रोडवेज के सामने एक बार फिर पहले जैसी हालत है। रोडवेज के सामने जितने भी नामवेज वाले हैं उन्होंने फिर से मोर्चा संभाल लिया है। सबसे बुरा हाल तो शहर घंंटाघर इलाके का हुआ है। वहां एक बार फिर से गाड़ियां रोड पर नजर आने लगी हैं। अभियान चलाने वाले अफसरों ने चेतावनी दी थी कि कोई भी दुकानदार अपनी गाड़ियां प्रतिष्ठान के सामने रोड पर पार्क नहीं करेगा। केवल ग्राहकों की गाड़ियां खड़ी होंगी, लेकिन शनिवार को प्रतिष्ठान के सामने ग्राहकाें के साथ प्रतिष्ठान के मालिक की भी गाड़ियां नजर आ रही थीं।सबसे बुरा हाल तो मेनका सिनेमा और उसके आसपास की जगह था। वहां एक बार फिर से पुराने वाली हालत बन गई है।
अभियान के बाद अफसरों का विश्राम
शहर में लगने वाले ट्रेफिक जाम की वजह सड़कों पर अवैध कब्जों का जिम्मेदार ठहराने वाले अधिकारियों ने अभियान चलाने के बाद दोबारा उन इलाकों में झांकने की जहमत नहीं उठायी, जहां यह अभियान चलाया। अभियान चलाने वाले अफसर विश्राम की मुद्रा में आ गए। अभियान के बाद अफसर भी खुश और वो दुकानदार भी खुश जिनकी दुकानों के सामने अभियान चलाया गया। क्योंकि वो भी जानते हैं कि एक बार अभियान चलाने के बाद अफसर इस ओर झांकने आने वाले नहीं। इसी के चलते जो इलाके अवैध कब्जों से मुक्त कराए गए थे, वहां पुरानी स्थिति हो गयी है।
ये हुआ अभियान के नाम पर
दिल्ली रोड को जाम मुक्त कराने का चलाए गए अभियान में बीते गुरुवार को यातायात पुलिस व निगम ने शहर घंटाघर से बच्चा पार्क तक अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया। इस दौरान नाले-नाली के ऊपर स्लेप डालकर दुकान सजाने वालों को यातायात पुलिस ने जमकर हड़काया। तत्काल दुकान हटाने का आदेश दिया। यातायात पुलिस ने इस दौरान दुकानदारों को चेतावनी दी, दुकान के बाहर ग्राहक के अलावा अन्य कोई वाहन खड़ा मिला तो उसका चालान किया जाएगा। उन्होंने दुकानदारों को चेतावनी दी, सड़क पर बनाई सफेद पट्टी के अंदर ही वाहन खड़े हो, इस अभियान के बाद यातायात पुलिस भी उस ओर नहीं आयी।