पहला रोज़ा&धूप की तपिश ने भी लिया रोजेदारों का इम्तहान, फाइनल एग्जाम के बावजूद भी छात्र छात्राओं में रहा पहले रोज़े का क्रेज़, घर में मौसम ठंड़ा
मेरठ। गुरुवार को माह ए मुबारक (रमज़ान) का पहला रोज़ा मुकम्मल हो गया। शाम को मगरिब की अज़ान के वक्त जैसे ही इफ्तार का समय हुआ तो रोजेदारों ने रोज़ा इफ्तार किया और उसके बाद खुदा की बारगाह में सजदा किया। बुधवार को हालांकि मौसम कुछ सर्द था आसमान पर बादल छाए हुए थे लेकिन गुरुवार को दिन में चटक धूप ने गर्मी का एहसास कराया। बता दें कि इस समय बोर्ड परीक्षाओं के साथ साथ विभिन्न स्कूल और कॉलेज में फाइनल एग्जाम चल रहे हैं लेकिन इसके बावजूद अधिकतर मुस्लिम छात्र छात्राओं में पहले रोज़े का खासा क्रेज़ देखा गया। उधर रमज़ान का महीना शुरू होते ही फलों के दाम भी सातवें आसमान पर जा पहुंचे। रोज़ा इफ्तार के बाद पहले मगरिब और फिर ईशा की नमाज़ अदा की गई और उसके बाद तरावीह और शबीना का दौर चल जो देर रात तक जारी रहा। इस दौरान रोजेदारों ने बारगाह ए इलाही में रो रो कर अपने गुनाहों की तौबा की।
रमज़ान का पहला जुमा
आज / रमज़ान के दूसरे ही दिन शुक्रवार (आज) माह ए मुबारक का पहला जुमा होगा। इसे देखते हुए प्रशासन भी सुरक्षा के इंतजामों में लगा रहा । मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों के साथ साथ शहर की बड़ी मस्जिदों के इर्द गिर्द सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रही। अधिकारियों की मूवमेंट भी लगातार सड़कों पर बनी रही। रमज़ान के पहले जुमे पर मस्जिदें भी नमाजियों से फुल रहीं। शाही जामा मस्जिद सहित हापुड़ रोड स्थित इमलियान मस्जिद पर अधिकारियों का फोकस रहा।
प्रशासन रहा चौकस
रमजान के पहले जुम्मे पर सड़क पर नमाज को लेकर प्रशासन चौकस रहा। प्रशासन का मुख्य फोकस इस बात पर रहा कि किसी भी मस्जिद के बाहर नमाज़ न पढ़ी जाए। इसे लेकर एलर्ट जारी किया गया है। सार्वजनिक स्थानों पर भी नमाज़ को लेकर अधिकारी अलर्ट मोड पर रहेंगे। बता दें कि रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावित कार्यक्रम को लेकर प्रशासन फूंक फूंक कर कदम रख रहा है।