अफसरों के झूठे मुकदमों के खिलाफ डीएम को ज्ञापन, पीएम को भेजा ज्ञापन कार्रवाई की मांग
मेरठ। भ्रष्टाचार के कारण झूठे मुकदमे लिखवाना, झूठी गवाही देना और मुकदमों में भ्रष्टाचार के बल पर झूठी धाराएं बढ़ाना अथवा पैसे के बल पर मुकदमे को कमजोर करना, मुकदमों से नाम निकालना या मुकदमों में झूठे नाम जोड़ने के खिलाफ एंटी करप्शन मूवमेंट ने प्रशासन की मार्फत पीएम को ज्ञापन भेजा।
ज्ञापन में मांग की गई है कि पुलिस निर्देश हों कि आरोप पत्र में लिखे सभी आरोपों की सत्यता के पुख्ता सबूत आरोप पत्र के साथ संलग्न हों ऐसा ना करने वालों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता में कठोर सश्रम कारावास और आर्थिक जुर्माने का प्रावधान हो। यदि कोई व्यक्ति धनबल के कारण अथवा रसूखबल के कारण झूठा मुकदमा लिखाने में सफल हो जाता है तब मुकदमें की जांच करने वाला और मुकदमा लिखाने वाला दोनों पर कठोर सश्रम कारावास और आर्थिक जुमार्ने का प्रावधान किया जाए। झूठी गवाही देने वाले के खिलाफ, झूठी धारा बढ़ाने या धारा कम करने वाले विवेचक के विरुद्ध कठोर सश्रम कारावास और आर्थिक जुमार्ने का प्रावधान हो। ज्ञापन देने वालों में डॉ. ओमकार गुप्ता, मास्टर रणपाल सिंह, अनिल कुमार गुप्ता, नजम जिया सिद्दीकी, अध्यक्ष प्रमोद गुप्ता, संजय कुमार शर्मा, खजान सिंह सिसोदिया, संदीप रस्तोगी, लीलापत सिंह, भंवर सिंह, सैयद मस्नूद अली, इरशाद अहमद, प्रवीण कुमार जैन, प्रभात गोयल, मयंक गोयल आदि ने एडीएम सिटी को ज्ञापन सौंपा।