विधायक गुलाम मोहम्मद भी रहे मौजूद, राष्ट्रपति पुरस्कार से अलंकृत सरदार सरबजीत कपूर का संबोधन, शैक्षणिक व आर्थिक हालत सुधारने पर दिया जाेर
मेरठ (सू0वि0)। अन्तर्राष्ट्रीय अल्पसंख्यक कल्याण अधिकार दिवस के अवसर पर अल्पसंख्यकों के शैक्षिक, आर्थिक एवं सामाजिक विकास के सम्बन्ध में विचार गोष्ठी का आयोजन मनसाबिय अरेबिक कॉलेज में किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रभारी जिलाधिकारी/अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) श्री सत्य प्रकाश सिंह द्वारा की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि श्री गुलाम मोहम्मद, मा० विधायक सिवालखास, मुस्लिम समाज से शहर काजी जैनुस्सालिकीन, सिक्ख धर्म से राष्ट्रपति पदक से अलंकृत प्रबुद्ध सामाजिक कार्यकर्ता सरबजीत सिंह कपूर, ईसाई समाज से फादर तारसीस, प्रबंधक सैंट जोसेफ इंटर कालिज, बौद्ध धर्म डा० नागभूषण भिखू, जैन धर्म से दिनेश चन्द्र जैन, अध्यक्ष दिगम्बर जैन सभा मौ० रिजवान, मौ० अफजाल नकवी, मौलाना शम्श कादरी, आदि उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन मौलाना मौहम्मद अतहर काजमी द्वारा किया गया ।
आनंद मैरिज एक्ट का हो पालन
उक्त कार्यक्रम में सिक्ख समाज से राष्ट्रपति पदक से अलंकृत सरदार सरबजीत सिंह कपूर ने बताया कि सिक्ख धर्म के बच्चों की शादियों को “आनन्द मैरिज एक्ट“ के तहत रजिस्टेड कराये जाने का प्रस्ताव, जैसे कि जम्मू-कश्मीर, दिल्ली, हिमाचल, राजस्थान सरकारों की तरह से उत्तर प्रदेश में भी आनंद मैरिज एक्ट को लागू किया जाए। अल्पसंख्यकों के शैक्षिक, आर्थिक और सामाजिक विकास हेतु जनमानस में जागरुकता फैलाने के लिए अल्पसंख्यक कल्याण अधिकार दिवस पर सभी धार्मिक स्थलों में अल्पसंख्यक स्कूल, कॉलिजों में पोस्टर के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया जाये। उत्तर प्रदेश में सिक्ख धर्म, संस्कृति, गौरव, व पंजाबी भाषा की रक्षा के उत्तर प्रदेश सिक्ख बोर्ड का गठन होना चाहिए।
कृपाण व कडे़ की हो अनुमति
कर्मचारी चयन आयोग व लोक सेवा आयोग की परीक्षाओं के दौरान परीक्षा केंद्रो पर कड़ा व कृपाण उतरवा देते हैं सिक्ख बच्चो की कृपाण व कड़ा साथ में रखे जाने के सम्बन्ध में एक विशेष आदेश जारी कर सिक्ख धर्म की मर्यादा के अनुसार छात्र छात्राओं को राहत दी जाये। अल्पसंख्यकों के बच्चों की शादी अनुदान जो बन्द हो गया है उसे पुनः शुरू किया जाये। पंजाबी युनिवर्सिटी की स्थापना की जाए तथा उत्तर प्रदेश मे विश्वविद्यालय में पंजाबी भाषा के विभाग खोले जाए। अल्पसख्यक सेवा केन्द्र खोले जाये वहां से योजनाओ की जानकारी ली जा सके।
फादर तारसीस का तालीम पर जोर
फादर तारसीस द्वारा समाज मे शिक्षा के प्रति जागरुक तथा अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थाओ को संविधान में दिये गये अधिकारो के बारे मे चर्चा की अल्पसंख्यकों के संस्थानों को 2018 से अनुदान प्राप्त नहीं हुआ। जैन समाज से दिनेश चंद्र जैन ने बताया कि आर्टिकल-30 बहुत जरूरी अनुच्छेद है जिसका संरक्षण किया जाना आवश्यक है। बौद्ध समाज से डा० नागभूषण भिखू बनते ने बताया कि आधिकारिक अधिकार हेतु सबको एकत्रित होने की आवश्यकता है। शहर काजी जैनुस्सालिकीन ने बताया कि यू0एन द्वारा माइनॉरिटी डे का प्रस्ताव पेश किया गया था।
मौहम्मद रुहेल आजम जिला अल्पसंख्याक कल्याण अधिकारी द्वारा केन्द्र एव राज्य सरकार द्वारा अल्पसंख्यक कल्याणार्थ जो भी योजनाएं संचालित की जा रही है, उनके सम्बन्ध में विस्तारपूर्वक जानकारी उपलब्ध कराई गई तथा संविधान के किन-किन अनुच्छेद में अल्पसंख्यको को क्या क्या अधिकार दिये गए उसके बारे में जानकारी दी गई। कार्यक्रम में सुशील कुमार, मीना कुमारी, विमला, इस्लामुद्दीन आदि उपस्थित रहे।