यूएन में भारत पर बोला जोरदार हमला, चीन को भी लिया लपेट, दोनों देशों को बता दिया मुख्य युद्ध फंडर, फिर बोल भारत पाकिस्तान तनाव किया खत्म
नई दिल्ली/न्यूयार्क। पीएम मोदी के दोस्त जिनके लिए अबकि बार ट्रंप सरकार का नारा लगवाया गया था उसी ट्रंप ने संयुक्त राष्ट्र संघ में भारत पर जोरदार हमला बोला है। उसने भारत के साथ चीन को भी लपेटते हुए दोनों देशों को युद्ध फंडर करा दिया। भारत को लेकर ट्रंप की इस हिमात से पूरा देश हैरान और परेशान भी है। परेशानी सरकार खासतौर से विदेश मंत्रालय की चुप्पी से है।
संयुक्त राष्ट्र महासभा में बोल रहे थे ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) के 80वें सत्र में अपने संबोधन में भारत और चीन पर जोरदार प्रहार किया। ट्रंप ने दोनों देशों को रूस-यूक्रेन युद्ध का “प्राइमरी फंडर” करार देते हुए कहा कि रूसी तेल की निरंतर खरीद से ये देश युद्ध को फंडिंग कर रहे हैं। ट्रंप यही नहीं रुके उन्होंने बड़ा हमला बोलते हुए कहा कि “चीन और भारत रूसी तेल खरीदकर इस चल रहे युद्ध के मुख्य फंडर हैं। नाटो देश भी रूसी ऊर्जा उत्पाद नहीं छोड़ पाए हैं। वे खुद के खिलाफ युद्ध को फंड कर रहे हैं।” ,
UN पर भी बरसे ट्रंप
इस मौके पर ट्रंप ने यूएन को भी नहीं बख्शा। उन्होंने संगठन की नाकामी पर सवाल उठाते हुए कहा, “संयुक्त राष्ट्र का उद्देश्य क्या है? वे सिर्फ कड़ी चिट्ठियां लिखते हैं और फिर फॉलो-अप नहीं करते।” ट्रंप ने दावा किया कि उन्होंने सात युद्ध खत्म किए, जिनमें भारत-पाकिस्तान तनाव भी शामिल है, लेकिन यूएन ने कोई मदद नहीं की। अमेरिका ने पहले ही भारत पर अतिरिक्त टैरिफ लगा रखे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह बयान अमेरिकी विदेश नीति में नई सख्ती का संकेत है।