संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति का दिल्ली दौरा, दुनिया की नजर इस दौरे के परिणामों पर, पीएम मोदी ने किया गरमजोशी से स्वागत
नई दिल्ली। संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान की करीब पौने दो घंटे की भारत यात्रा को लेकर पूरी दुनिया खासतौर से वो देश जिनके भारत और संयुक्त अरब अमीरात से रिश्ते हैं उनमें सवाल पूछा जा रहा है कि केवल पौने दो घंटे की भारत यात्रा के पीछे वजह क्या है। सबसे ज्यादा हैरान साऊदी अरब और अमेरिका तथा रूस है। इस दौरे केवल रूस और अमेरिका ही नहीं चीन और पाकिस्तान जैसे देश भी हैरान हैं।
विश्व मंच पर बढ़ा पीएम मोदी का रूतबा
संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान की इस शार्ट यात्रा के निहितार्थ निकालने में तमाम देश लगे हों, लेकिन इससे पूरे घटनाक्रम से भारत के प्रधानमंत्री मोदी का रूतबा विश्व मंच पर निश्चित रूप से बड़ा हुआ है। इसको भारतीय विदेश नीति की एक बड़ी जीत के रूप में देखा जाना चाहिए। संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति का आना भारत के लिए गौरव की बात है। भारत सरकार ने भी शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान का गर्मजोशी से स्वागत किया।
अमेरिका को सदमा
दुनिया की विदेश नीति के जानकारों की मानें तो संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान भारत की यह छोटी यात्रा अमेरिका को सदमे के रूप में देखी जानी चाहिए। अमेरिकी प्रेसिडेंट पिछले दिनों जिस प्रकार से पीएम मोदी को लेकर आए दिन नए खुलासे कर भारतीय विदेश मंत्रालय को असहज करने पर तुले थे। इस यात्रा ने उसका काफी हद तक डेमेज कंट्रोल करने का काम किया है। इसके अलावा जब पूरी दुनिया की राजनीति में भारी उथल-पुथल मची हुई है और अमेरिका का चीन और रूस के साथ तनाव चरम पर है तो दूसरी तरफ ईरान के हालात भी बेहद नाजुक बने हुए हैं। ऐसे तनावपूर्ण माहौल में भारत और यूएई के नेताओं की यह मुलाकात वैश्विक शांति और स्थिरता के लिए बेहद अहम मानी जानी चाहिए। इस यात्रा को लेकर इस क्षेत्र में दुनिया के देश संभावित घटनाक्रम का इंतजार कर रहे हैं।