
आस्ट्रेलिया दौरे में शुभमन गिन वाली टीम का T-20 शानदार प्रदर्शन, भारतीय स्पिन गैंदबाजी ने मनवाया लोहा, नई पीढी के उभार व पुरानों की वापसी का दौरा
नई दिल्ली/ ब्रिस्बेन। आस्ट्रेलिया दौरे ने दिग्गज विराट कोहली और रोहित शर्मा को कम बैक का मौका दिया। उन्होंने शानदार कम बैक किया। भारतीय क्रिकेट टीम का आस्ट्रेलिया दौरा जहां नयी पीढी के उभार का प्रतीक रहा वहीं इस दौरान विराट व रोहित सरीखों ने शानदार वापसी भी की। शुभमन गिल की कप्तानी वाली टीम ने टी20आई सीरीज में 2-1 से कड़ा संघर्ष जीत लिया है। बारिश ने आखिरी मैच को धुला दिया, लेकिन भारत ने पहले तीन मैचों में अपनी स्पिन गेंदबाजी की ताकत से कंगारुओं को मात दी। यह दौरा न केवल नई पीढ़ी के उभार का प्रतीक है, बल्कि रोहित शर्मा और विराट कोहली जैसे दिग्गजों की वापसी का भी।
शुभमन को मिला वन डे की कप्तानी का मौका
दौरे की शुरुआत 19 अक्टूबर को पर्थ में पहले वनडे से हुई, जहां बीसीसीआई ने 4 अक्टूबर को स्क्वॉड की घोषणा की। ओपनर शुभमन गिल को नया वनडे कप्तान बनाया गया, जो रोहित शर्मा की जगह ले चुके हैं। गिल ने पहली बार वनडे में कप्तानी संभाली, जब 14 अक्टूबर को पहले वनडे में बारिश के कारण मैच प्रभावित हुआ। ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतकर फील्डिंग चुनी, लेकिन भारत को 26 ओवर में 131 रनों का संशोधित टारगेट मिला। गिल ने शानदार बल्लेबाजी से भारत को मजबूत शुरुआत दी।
स्क्वॉड में बड़े बदलाव: वनडे स्क्वॉड में रोहित शर्मा और विराट कोहली की वापसी हुई, जो चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के बाद पहली बार लौटे। यशस्वी जायसवाल और ध्रुव जुरेल को पहली बार वनडे कॉल-अप मिला, जबकि श्रेयस अय्यर गिल के उपकप्तान बने। टी20आई स्क्वॉड की कमान सूर्यकुमार यादव को सौंपी गई, जिसमें संजू सैमसन की वापसी हुई। हार्दिक पांड्या चोट के कारण बाहर रहे, जबकि नितीश कुमार रेड्डी और वॉशिंगटन सुंदर को मौका मिला। कुलदीप यादव को टी20 स्क्वॉड से रिलीज कर दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट की तैयारी के लिए भेजा गया।
मैचों का रोमांचक सफर:
- पहला वनडे (पर्थ, 19 अक्टूबर): बारिश ने मैच रोका, भारत 52/0 (4.5 ओवर) पर। नो रिजल्ट।
- दूसरा वनडे (एडिलेड, 23 अक्टूबर): भारत ने टॉस जीतकर फील्डिंग चुनी। ऑस्ट्रेलिया के जोश इंग्लिस और एडम जांपा चोट/परिवारिक कारणों से बाहर।
- तीसरा वनडे (सिडनी, 25 अक्टूबर): भारत ने टॉस जीता। सीरीज 1-1 से बराबर।
टी20आई सीरीज 29 अक्टूबर से शुरू हुई:
- पहला टी20 (कैनबरा): बारिश से नो रिजल्ट।
- दूसरा टी20 (मेलबर्न, 31 अक्टूबर): ऑस्ट्रेलिया ने 82,000 दर्शकों के सामने जोश हेजलवुड की अगुवाई में जीता।
- तीसरा टी20 (हॉबर्ट, 2 नवंबर): भारत की स्पिनर्स ने ऑस्ट्रेलिया को धूल चटाई, नितीश रेड्डी की गर्दन में ऐंठन के बावजूद टीम जीती।
- चौथा टी20 (गोल्ड कोस्ट, 6 नवंबर): धीमी पिच पर भारत ने फिर स्पिन से कमाल किया।
- पांचवां टी20 (ब्रिस्बेन, 8 नवंबर): भारत 52/0 (4.5 ओवर) पर, लेकिन बिजली और बारिश से मैच रद्द। सीरीज भारत के नाम। अभिषेक शर्मा को प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया (163 रन)।
चुनौतियां और उम्मीदें: चीफ सिलेक्टर अजित अग्रवाल ने कहा, “रोहित की कप्तानी में टीम ने चैंपियंस ट्रॉफी जीता, लेकिन अब गिल को मौका देना टीम के हित में है।” मोहम्मद शमी की अनुपस्थिति ने तेज गेंदबाजी को प्रभावित किया, लेकिन अर्शदीप सिंह और जसप्रीत बुमराह ने जिम्मेदारी निभाई। गिल ने कहा, “घरेलू समर्थन की तरह यहां दबाव है, लेकिन एशेज से पहले ऑस्ट्रेलिया का ध्यान बंटा हुआ लग रहा है।”
यह दौरा 2027 वर्ल्ड कप की तैयारी का महत्वपूर्ण हिस्सा है। भारत की नई स्पिन तिकड़ी (कुलदीप, वरुण चक्रवर्ती) ने साबित किया कि धीमी पिचों पर वे अजेय हैं। अगला फोकस दक्षिण अफ्रीका टेस्ट सीरीज पर, जहां गिल टेस्ट कप्तान के रूप में डेब्यू करेंगे। क्रिकेट प्रेमी अब इंतजार कर रहे हैं कि क्या रोहित-कोहली का सफर यहीं थमेगा या चैंपियंस ट्रॉफी की तरह चमकेगा।